
नई दिल्ली, 27 जनवरी (हि.स)। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (यूएफबीयू) के आह्वान पर चौथे दिन भी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के कर्मचारी हड़ताल पर हैं। इस वजह से देशभर के सरकारी बैंकों में मंगलवार को कामकाज बुरी तरह प्रभावित है।

राष्ट्रीय राजधानी नई दिल्ली में बैंक यूनियनों ने हड़ताल पर रहकर पांच दिन के वर्किंग सप्ताह की मांग की है। गुजरात के राजकोट में बैंक ऑफ बड़ौदा की मुख्य शाखा पर बैंक कर्मचारियों ने अपनी मांग को लेकर विरोध-प्रदर्शन किया है। इसी तरह कोलकाता में बैंक कर्मचारियों ने अपनी मांग को लेकर इंडियन बैंक की मेन ब्रांच पर विरोध प्रदर्शन किया।
देश के अधिकांश हिस्सों में यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (यूएफबीयू) के आह्वान पर सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के अधिकांश कर्मचारी हड़ताल पर हैं। इस कारण नकद लेन-देन, चेक क्लियरेंस, केवाईसी अपडेट और शाखाओं से जुड़े अन्य आवश्यक कार्य नहीं हो पा रहे हैं। बैंक में छुट्टियों की श्रृंखला के बाद ये लगातार चौथा दिन है, जब आम लोगों को बैंकिंग सेवाओं में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
कौन कर रहा है हड़ताल
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस के तहत आने वाली विभिन्न बैंक कर्मचारी यूनियनों ने सरकार से पांच दिवसीय कार्य सप्ताह (5-डे वर्किंग) लागू करने की मांग को लेकर यह हड़ताल बुलाई है। यूनियनों का कहना है कि बैंक कर्मचारियों पर बढ़ते कार्यभार और लंबी कार्य अवधि को देखते हुए संतुलित कार्यप्रणाली जरूरी हो गई है। कर्मचारियों ने यह भी स्पष्ट किया है कि वे इसके बदले हर कार्यदिवस में अतिरिक्त 40 मिनट काम करने के लिए तैयार हैं।
कौन-सी सेवाएं रहेंगी चालू
हालांकि, बैंक कर्मचारियों की हड़ताल के कारण शाखा आधारित सेवाएं प्रभावित हैं, लेकिन डिजिटल बैंकिंग पर इसका असर नहीं है। यूपीआई, मोबाइल बैंकिंग और इंटरनेट बैंकिंग सेवाएं सामान्य रूप से चल रही हैं। ग्राहक आईएमपीएस, एनईएफटी और आरटीजीएस के जरिए ऑनलाइन लेन-देन हो रहा है। निजी बैंक इस हड़ताल का हिस्सा नहीं हैं, इसलिए उनकी सभी ब्रांच और सेवाएं सामान्य रूप से संचालित हो रही हैं।
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