बांकुड़ा, 10 फ़रवरी (हि. स.)। कार्यालय के काम से लेकर पढ़ाई तक हर क्षेत्र में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) का प्रभाव बढ़ता जा रहा है। लेकिन एआई टूल के गलत इस्तेमाल के चलते इस बार पश्चिम बंगाल में माध्यमिक परीक्षा दे रहे कई छात्रों को भारी कीमत चुकानी पड़ी है।
पश्चिम बंगाल माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष रामानुज गांगुली ने बताया कि मोबाइल फोन के जरिए एआई टूल का उपयोग करने की कोशिश करते हुए अब तक राज्य में 38 से 39 परीक्षार्थियों की माध्यमिक परीक्षा रद्द कर दी गई है।
रामानुज गांगुली ने यह जानकारी मंगलवार को बांकुड़ा के विष्णुपुर में विभिन्न परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण करने के दौरान दी। उन्होंने बताया कि राज्य के अलग-अलग हिस्सों में मोबाइल फोन के जरिए एआई का उपयोग कर परीक्षा देने की घटनाएं सामने आई हैं। पहले से घोषित नियमों के अनुसार, पकड़े गए सभी परीक्षार्थियों की परीक्षा तत्काल प्रभाव से रद्द कर दी गई है।साथ ही बोर्ड अध्यक्ष ने यह भी दावा किया कि इस बार राज्य में प्रश्नपत्र लीक करने वाले गिरोह पर पूरी तरह लगाम लगा दी गई है। उनके अनुसार, परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए सख्त कदम उठाए गए हैं।
वहीं माध्यमिक की गणित परीक्षा के प्रश्नपत्र में गलत सवाल होने को लेकर जो भ्रम फैला था, उसे भी बोर्ड अध्यक्ष ने सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि प्रश्नपत्र में गलती होने को लेकर बेवजह अफवाहें फैलाई जा रही हैं। अब तक विशेषज्ञों की ओर से इस संबंध में कोई पुष्टि नहीं की गई है, इसलिए इस मुद्दे पर अनावश्यक चर्चा से बचना चाहिए।
दूसरी ओर, माध्यमिक परीक्षा शुरू होने के बाद से ही कई जिलों से परीक्षार्थियों के परीक्षा के दौरान अस्वस्थ होने की खबरें भी सामने आई हैं। कई छात्रों को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा, जहां उन्हें बिस्तर पर बैठकर ही परीक्षा देने की व्यवस्था की गई।
माध्यमिक बोर्ड की ओर से परीक्षा की पवित्रता बनाए रखने के लिए सख्ती जारी है और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया जा रहा है।
