राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने मध्य प्रदेश के सतना जिला अस्पताल में ब्लड ट्रैन्स्फ्यूश़न के बाद छह बच्चों के एचआईवी पॉजिटिव पाए जाने की घटना का स्वतः संज्ञान लिया

Date:

राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने मध्य प्रदेश के सतना जिला अस्पताल में ब्लड ट्रैन्स्फ्यूश़न के बाद कम से कम छह बच्चों के एचआईवी पॉजिटिव पाए जाने की मीडिया रिपोर्ट का स्वतः संज्ञान लिया है। बताया जाता है कि उनका थैलेसीमिया का इलाज चल रहा था। इसके लिए समय-समय पर ब्लड ट्रैन्स्फ्यूश़न की आवश्यकता होती है। जनवरी से मई 2025 के बीच बच्चों में एचआईवी संक्रमण की पुष्टि हुई और यह मामला अब सामने आया है।

आयोग ने पाया है कि यदि समाचार रिपोर्ट में दी गई जानकारी सही है, तो इससे पीड़ितों के मानवाधिकारों के उल्लंघन का गंभीर मुद्दा उठता है। देश के विभिन्न हिस्सों में घटी ऐसी ही घटनाओं की जानकारी भी आयोग को मिली है। इसलिए आयोग ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों को नोटिस जारी कर चार सप्ताह के भीतर इस मामले पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। उनसे अपेक्षा की जाती है कि वे इस मुद्दे से निपटने के लिए उठाए गए या प्रस्तावित कदमों का विवरण दें।

16 दिसंबर 2025 को प्रकाशित मीडिया रिपोर्ट के अनुसार राज्य अधिकारी यह पता लगाने के प्रयास कर रहे हैं कि क्या अन्य अस्पतालों में भी ब्लड ट्रैन्स्फ्यूश़न की घटना घटी थी। अस्पताल ने इस मामले में आंतरिक जांच शुरू कर दी है।

***

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

पोस्ट साझा करें:

सदस्यता लें

spot_imgspot_img

लोकप्रिय

इस तरह और भी
संबंधित

शांति का पाठ पढ़ाने वाली ब्रह्माकुमारी संस्था के आंतरिक ढांचे में कुछ ‘शांत’ नहीं

- आध्यात्मिक संस्था ब्रह्माकुमारी की कार्यप्रणाली पर सवाल - राजस्थान...

खेजड़ी कटेगी तो थार सूखेगा

-डॉ. सत्यवान सौरभ राजस्थान का थार मरुस्थल केवल रेत का...

भारत ने दलहन आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ाये कदम

बाल मुकुन्द ओझा अंतर्राष्ट्रीय दलहन दिवस हर साल 10 फरवरी...

भाजपा राज में सावरकर को भारत रत्न क्यों नहीं मिला

                                                   बाल मुकुन्द ओझा हिंदुत्व के प्रबल पैरोकार वीर सावरकर...
hi_INहिन्दी