विंध्य कॉरिडोर ने मोहा मन
– बोलीं, आस्था और आधुनिक विकास का सुंदर संगम हैं विंध्य कॉरिडोर
– विंध्यधाम की निखरी आभा, धार्मिक पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
मीरजापुर, 11 फरवरी (हि.स.)। अखिल भारत हिंदू महासभा की राष्ट्रीय अध्यक्ष और स्वतंत्रता सेनानी नेताजी सुभाष चंद्र बोस की प्रपौत्री राजश्री चौधरी (बोस) ने बुधवार को विंध्याचल पहुंचकर विश्वविख्यात मां विंध्यवासिनी के दरबार में विधि-विधान से दर्शन-पूजन किया। उनके आगमन की सूचना पर मंदिर परिसर में उत्सुकता का माहौल रहा। राजश्री चौधरी सुबह मां के दरबार पहुंचीं, जहां उन्होंने पूरे श्रद्धाभाव के साथ मां विंध्यवासिनी की आराधना कर देश की समृद्धि, सामाजिक समरसता और राष्ट्र की उन्नति की कामना की। पूजन-अर्चन की प्रक्रिया वैदिक मंत्रोच्चार के बीच आचार्य अगस्त्य द्विवेदी ने सम्पन्न कराई। इस दौरान मंदिर परिसर में मौजूद श्रद्धालुओं ने भी दर्शन किए।
दर्शन के उपरांत उन्होंने मंदिर परिसर का परिक्रमा मार्ग भी देखा और मां के प्रति अपनी आस्था व्यक्त की। उनके साथ संगठन के पदाधिकारी एवं स्थानीय कार्यकर्ता भी मौजूद रहे। आगमन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही। दर्शन के बाद उन्होंने कॉरिडोर क्षेत्र का अवलोकन भी किया और व्यवस्थाओं की सराहना की। इसे धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने वाला महत्वपूर्ण कदम बताया। इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ड्रीम प्रोजेक्ट विंध्य कॉरिडोर की भव्यता और व्यवस्थाओं ने उनका मन मोह लिया।
राजश्री चौधरी ने कहा कि विंध्य कॉरिडोर के निर्माण से धाम की आभा और भी निखर गई है। श्रद्धालुओं के लिए बेहतर मार्ग, विस्तृत परिसर और सुव्यवस्थित सुविधाएं इस परियोजना की विशेषता हैं। उन्होंने कॉरिडोर को आस्था और आधुनिक विकास का सुंदर संगम बताया।