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भाषा को समझना और महसूस करना दोनों में बड़ी बात है : थरूर

रांची, 17 जनवरी (हि.स.)। इम्पावर झारखंड के अध्यक्ष सह समाजसेवी आदित्य विक्रम जयसवाल की अध्यक्षता में शनिवार को होटल बीएनआर में वर्डस एंड वार्म्सज ब्रूस वीद शोभा थरूर कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

इस अवसर पर बतौर मुख्य अतिथि प्रसिद्ध लेखिका शोभा थरूर ने कहा कि किसी भी भाषा को समझना और महसूस करना, अपने आप में बहुत बड़ी बात है। उन्होंने बताया कि जब वह लिखती हैं, तो उन्हें शब्दों में संगीत सुनाई देता है और यही उनके लेखन की प्रेरणा बनता है। इसके बाद उन्होंने अपने साहित्यिक सफ़र को साझा करते हुए बताया कि कैसे बचपन से ही साहित्य की ओर उनका झुकाव बढ़ता गया और शब्दों से उनका रिश्ता और गहरा होता चला गया।

इस अवसर पर आदित्य विक्रम जयसवाल ने कहा कि साहित्य और कला के विकास से झारखंड के युवाओं को नए अवसर मिलेंगे। इम्पॉवर झारखंंड एक सिग्नेचर कैंपेन चला रही है। यहां के साहित्य और साहित्यकारों सहित झारखंड के तमाम लेखकों, कवियों और कवियित्रियों को अच्छे मुकाम तक ले जाने में एंपावर झारखंड हर संभव सहयोग प्रदान करेगा।

वहीं मॉडरेटर प्रणीत बब्बर के सवालों के जवाब में उन्होंने शशि थरूर के साथ अपने जीवन अनुभव भी साझा किया।

कार्यक्रम में पूजा दाधा सहित कई वक्ताओं ने साहित्य के व्यवसायीकरण और लोक कथाओं को राष्ट्रीय पहचान दिलाने की बात कही।

कार्यक्रम में प्रो डॉ स्वाति पराशर, विजयश्री शाहदेव, फेडरेशन ऑफ झारखंड चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज, पूजा दाधा, डॉ अपूर्वा, अभिषेक केडिया, चेयरमैन प्रभात अग्रवाल, लेखिका अनीता सहाय, क्रिएटिव पार्टनर बिपिन वर्मा सहित अन्य मौजूद थे।

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