अस्पतालों के पंजीकरण में स्थलीय निरीक्षण अनिवार्य हो: विजय बहादुर पाठक

Date:

लखनऊ, 23 दिसम्बर (हि.स.)। शीतकालीन सत्र के दौरान मंगलवार को भारतीय जनता पार्टी के विधान परिषद सदस्य विजय बहादुर पाठक ने सदन में बिना मानक पूरा किये अस्पताल संचालन का मुद्दा उठाया। नियम 110 के अंतर्गत विजय बहादुर पाठक ने कहा ​कि प्रदेश में जगह जगह शिकायतों पर निजी अस्पतालों पर सरकार ने कार्यवाही कर उन अस्पतालों को बंद कराया, और लाइसेंस भी निरस्त कर दिया।

किन्तु कुछ लोगों ने बाद में नाम बदलकर नये सिरे से अस्पताल का संचालन शुरू कर दिया। व्यवस्था यह है कि नये अस्पतालों के पंजीकरण में स्थलीय निरीक्षण अनिवार्य है। सभी मानक पूरा होने पर लाईसेंस जारी होता है। किन्तु फिर भी जिन अस्पातालों को सरकार ने बंद करने के निर्देश दिये हैं फिर उसी स्थान पर नये अस्पताल कैसे शुरू हो रहे हैं। राजधानी लखनऊ समेत राज्य के अलग-अलग जनपदों में इस तरह की जानकरियां मिली हैं कि जो अस्पताल बंद किये गये थे उन्हीं स्थानों पर नये नामों से अस्पताल संचालित हो रहे हैं।

स्वास्थ्य एक संवेदनशील विषय है। स्वास्थ्य सेवायें के प्रति मुख्यमंत्री, स्वास्थ्य मंत्री पूरी तौर पर संजीदा है। फिर भी इस तरह के उदाहरण लापरवाही विभागीय खमोशी निगरानी शून्यता के कारण उत्पन्न है। इसी तरह की विशेष परिस्थिति होने पर राज्य सरकार को कटघरे में खड़े होने की स्थिति उत्पन्न करते हैं। बंद अस्पतालों को पुनः अवैधानिक तरीके से चलाये जाने पर जन आक्रोशित है। उन्होंने इस महत्वपूर्ण विषय पर चर्चा की मांग की।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related

छत्तीसगढ़ के बीजापुर मुठभेड़ में मारे गये 27 लाख के इनामी 6 नक्सलियाें की हुई शिनाख्त

बीजापुर, 19 जनवरी (हि.स.)। छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में...

छत्तीसगढ़ में 45 लाख के इनामी नौ नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण

गरियाबंद, 19 जनवरी (हि.स.)। छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में...

गोरखपुर : आस्था, मनोरंजन और रोजगार का संगम बना खिचड़ी मेला

गोरखपुर, 19 जनवरी (हि.स.)। नाथपंथ के विश्व प्रसिद्ध गोरखनाथ...
en_USEnglish