
जयपुर। प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और पूर्व मंत्री डॉ बी डी कल्ला ने केंद्रीय बजट को किसान, गरीब, दलित एवं बेरोजगार विरोधी बताते हुए कहा है, इनके लिए इस बजट में कोई विशेष प्रावधान नही हैं जिससे इन वर्गो में बेरोजगारी फैलेगी एवं महंगाई बढ़ेगी।
उन्होंने बजट पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा मनरेगा में 40℅ हिस्सा राज्यो को देने से काम का अधिकार जो दिया गया था, वह समाप्त हो जायेगा, प्राय सभी राज्य ऋण ग्रस्ता के शिकार है , बजट में विदेशी निवेशकों को 2047 तक निवेश करने पर कर की छूट दी गई हैं जबकि इसी तरह का निवेश देश के निवेशक करे तो उन्हे इस तरह की कर छूट की कोई घोषणा नही हैं. विदेश जाने वालो को कर राहत दी गई हैं, जबकि देशी पर्यटन को बढ़ाने हेतु कोई राहत नहीं दी गई हैं
कैंसर जैसी घातक बीमारी की दवाइयों हेतु वर्षभर में 2000 करोड़ का प्रावधान हैं, जो कि ऊँट के मुंह मे जीरे के बराबर हैं .
राजस्थान दुर्लभ खनिजों का भंडार हैं, जबकि दुर्लभ खनिजो की खोज हेतु राजस्थान, बंगाल, मध्य प्रदेश जैसे राज्यो की उपेक्षा की गई हैं राज्यो को केंद्रीय आय का 41% अंतरण कम हैं, इस अंतरण को बढ़ाने की आवश्यकता हैं
नई शिक्षा नीति केंद्रीय सरकार ने 2020 में लागू की, किंतु इसके क्रियान्व्यन हेतु बजट में व्यापक प्रावधानों का अभाव है
