जिम की आड़ में धर्मांतरण का खेल: मास्टरमाइंड इमरान दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार, दुबई भागने की साजिश नाकाम

0
9

– यूपी के मीरजापुर से जुड़ा मामला, अब तक सात आरोपित गिरफ्तार

– 25 हजार का इनामी आरोपी ट्रांजिट रिमांड पर उत्तर प्रदेश लाया जा रहा

मीरजापुर, 24 जनवरी (हि.स.)। देश की आंतरिक सुरक्षा और सामाजिक सौहार्द से जुड़े एक गंभीर मामले में सुरक्षा एजेंसियों और उत्तर प्रदेश पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। उत्तर प्रदेश के मीरजापुर में जिम की आड़ में चल रहे कथित धर्मांतरण नेटवर्क के मास्टरमाइंड इमरान को दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपित दुबई भागने की फिराक में था, लेकिन समय रहते इमिग्रेशन विभाग ने उसे दबोच लिया।

इमरान पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित था और उसके खिलाफ पहले से ही लुकआउट सर्कुलर (एलओसी) जारी किया जा चुका था। शुक्रवार देर रात हुई गिरफ्तारी के बाद उसे दिल्ली पुलिस के हवाले किया गया, जहां से मीरजापुर पुलिस ने पटियाला हाउस कोर्ट में पेश कर ट्रांजिट रिमांड हासिल की। अब आरोपित को उत्तर प्रदेश लाया जा रहा है।

देश छोड़कर भागने की थी पुख्ता तैयारी

पुलिस जांच के दौरान इनपुट मिला था कि इमरान विदेश भाग सकता है। इसी आधार पर केंद्रीय एजेंसियों के समन्वय से एयर, जल और थल सीमाओं पर अलर्ट जारी किया गया। इमरान जैसे ही दिल्ली एयरपोर्ट से अंतरराष्ट्रीय उड़ान पकड़ने पहुंचा, इमिग्रेशन अधिकारियों ने उसे रोक लिया। पूछताछ में उसकी गतिविधियां संदिग्ध पाई गईं, जिसके बाद गिरफ्तारी की कार्रवाई की गई।

जिम नेटवर्क के जरिए कथित धर्मांतरण

यह मामला केवल एक जिले तक सीमित नहीं माना जा रहा है। पुलिस जांच में सामने आया है कि मीरजापुर के ‘आयरन फायर जिम’ के माध्यम से युवतियों को पहले दोस्ती और प्रेमजाल में फंसाया जाता था, फिर वीडियो बनाकर ब्लैकमेल कर कथित तौर पर धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया जाता था। इस पूरे नेटवर्क का संचालन सुनियोजित तरीके से किया जा रहा था, जिसमें कई लोगों की भूमिका सामने आ चुकी है। अब तक सात आरोपित गिरफ्तार किए जा चुके हैं।

यूपी पुलिस का सिपाही भी गिरफ्त में

मामले ने उस समय और गंभीर रूप ले लिया, जब जांच में उत्तर प्रदेश पुलिस के एक सिपाही इरशाद खान की संलिप्तता उजागर हुई। इरशाद वर्तमान में जीआरपी में तैनात था और उसी की निगरानी में जिम का संचालन होने की बात सामने आई है। कागजों में जिम का मालिक फरीद अहमद था, जिसे पुलिस पहले ही मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर चुकी है। मुठभेड़ में फरीद के पैर में गोली लगी थी।

दोस्ती से ब्लैकमेलिंग तक का आरोप

पुलिस के अनुसार, फरीद अहमद जिम में आने वाली लड़कियों से नजदीकी बढ़ाता, प्रेम संबंध बनाता और निजी वीडियो के जरिए उन्हें ब्लैकमेल करता था। इसके बाद कथित तौर पर धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया जाता था। इस पूरे गिरोह की रणनीति, फंडिंग और विस्तार में इमरान की भूमिका को अहम माना जा रहा है।

राष्ट्रीय एजेंसियों की नजर

वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इमरान की गिरफ्तारी के बाद यह मामला केवल मीरजापुर या उत्तर प्रदेश तक सीमित नहीं रहेगा। जांच के दायरे को राष्ट्रीय स्तर पर विस्तारित किया जा रहा है। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि क्या इस नेटवर्क के तार अन्य राज्यों या विदेशों से भी जुड़े हैं।

डीआईजी/एसएसपी सोमेन वर्मा ने शनिवार काे बताया कि आरोपित से गहन पूछताछ के बाद नेटवर्क में शामिल अन्य लोगों, जिम चेन, फंडिंग स्रोत और संभावित विदेशी कनेक्शन का खुलासा किया जाएगा। इमरान को मीरजापुर लाकर न्यायालय में पेश किया जाएगा, जिसके बाद आगे की कानूनी और जांच प्रक्रिया तेज की जाएगी।

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें