
नई दिल्ली, 16 जनवरी (हि.स.)। नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के. त्रिपाठी ने शुक्रवार को विश्व पुस्तक मेला में कहा कि सभी पाठक नेता हों यह आवश्यक नहीं है, लेकिन सभी नेता निश्चित रूप से पाठक होते हैं। उन्होंने युवाओं, विशेषकर ‘किंडल पीढ़ी’, को बड़ी संख्या में पुस्तक स्टॉलों की ओर उमड़ते देख प्रसन्नता व्यक्त की और इसे पठन संस्कृति के प्रति बढ़ते रुझान का सकारात्मक संकेत बताया।
नौसेना प्रमुख ने शिक्षा मंत्रालय के अंतर्गत राष्ट्रीय पुस्तक न्यास, भारत द्वारा आयोजित इस मेले की सराहना की। उन्होंने कहा कि पुस्तकों और नेतृत्व के बीच गहरा संबंध है और पढ़ना केवल युद्धकालीन परिस्थितियों में ही नहीं बल्कि दैनिक जीवन की चुनौतियों से निपटने में भी मार्गदर्शक की भूमिका निभाता है। l
एडमिरल त्रिपाठी ने लोगों से पढ़ने की आदत विकसित करने की अपील करते हुए कहा कि सोने से पहले केवल दो पन्ने पढ़ना भी व्यक्ति को बेहतर बना सकता है और किसी भी परिस्थिति का आत्मविश्वास के साथ सामना करने के लिए तैयार करता है।
शुक्रवार को मेला भ्रमण करने वाले विशिष्ट अतिथियों में केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत, मिजोरम के राज्यपाल जनरल वीके सिंह और पंजाब के पूर्व राज्यपाल बनवारी लाल पुरोहित शामिल रहे। राजधानी के सर्द मौसम के बावजूद पुस्तक प्रेमियों की भारी भीड़ देखने को मिली। मेले के सातवें दिन अन्य दिनों की तुलना में अधिक भीड़ नजर आई और पुस्तकों की खरीदारी भी खूब हुई।
थीम पवेलियन में कमांडर कलेश मोहनन, लेफ्टिनेंट कमांडर अनुपमा थपलियाल और लेफ्टिनेंट जीवितेश सहारन द्वारा लिखित पुस्तक फोर्ज्ड बाय द सी: द इंडियन नेवी स्टोरी का लोकार्पण नौसेना प्रमुख की उपस्थिति में किया गया। यह पुस्तक भारतीय नौसेना, नेवल हिस्ट्री डिवीजन, नेवल फाउंडेशन और राष्ट्रीय पुस्तक न्यास के सहयोग से प्रकाशित की गई है। बारह अध्यायों में विभाजित इस पुस्तक में भारत की समुद्री विरासत से लेकर आधुनिक भारतीय नौसेना की संरचना, प्रमुख अभियानों, मानवीय सहायता और आपदा राहत कार्यों का विस्तृत विवरण दिया गया है।
राष्ट्रीय पुस्तक न्यास के निदेशक युवराज मलिक ने सशस्त्र बलों को समर्पित इस पुस्तक के प्रकाशन को राष्ट्र-निर्माण से जुड़ा कार्य बताया। उन्होंने कहा कि भारतीय नौसेना के बलिदान, पराक्रम और पेशेवर अनुशासन का दस्तावेजीकरण आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत बनेगा। #WORLD-BOOK-FAIR-naval-chief
