किसी व्यक्ति की शिकायत पर एसटीएफ की जांच पर उठे सवाल

0
6

एडीजी अमिताभ यश की सफाई से हाईकोर्ट संतुष्ट नहीं

–कालेज प्रबंधक व प्रधानाचार्य को याची की नियुक्ति दस्तावेज के साथ पेश होने का निर्देश

–शिकायतकर्ता व एडीजी, एसटीएफ भी 15 जुलाई को तलब

प्रयागराज, 12 जनवरी (हि.स.)। इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने एक व्यक्ति की शिकायत पर विद्यालय कर्मचारी के खिलाफ जांच करने के मामले में एसटीएफ अपर महानिदेशक अमिताभ यश की वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए दी गई सफाई को संतोषजनक नहीं माना। विद्यालय प्रबंधक व प्रधानाचार्य को याची की नियुक्ति के दस्तावेजों के साथ अगली तिथि पर हाजिर होने का निर्देश दिया है।

साथ ही शिकायतकर्ता व अमिताभ यश को भी अगली सुनवाई की तिथि पर हाजिर होने को कहा है। यह आदेश न्यायमूर्ति सौरभ श्याम शमशेरी की एकलपीठ ने जय चंद्र मौर्य की याचिका पर दिया है।

प्रयागराज के सरायपीठ, शाहीपुर स्थित आदर्श माध्यमिक विद्यालय में याची कार्यरत थे। इस बीच उनकी नियुक्ति के खिलाफ तुलसीराम ने शिकायत की। इस पर एसटीएफ ने जांच शुरू कर दी। एसटीएफ की रिपोर्ट पर डीआईओएस ने याची के सेवानिवृत्ति लाभों के भुगतान पर रोक लगा दी। इस फैसले को याची ने हाईकोर्ट में चुनौती दी है।

कोर्ट ने याचिका पर सुनवाई के दौरान एसटीएफ की जांच पर गंभीर सवाल उठाए हैं। अपर पुलिस महानिदेशक (एसटीएफ) अमिताभ यश के स्पष्टीकरण को कोर्ट ने अपर्याप्त माना। कोर्ट ने स्पष्ट रूप से कहा कि राज्य सरकार के वकील और उपस्थित अधिकारी ऐसा कोई दस्तावेज़ या कानूनी आधार पेश नहीं कर सके, जिससे यह साबित हो सके कि एसटीएफ किसी निजी शिकायत पर सीधे मामले का संज्ञान ले सकती है।

कोर्ट ने कहा कि यदि मामला इतना गंभीर है तो अभी तक ’प्रबंध समिति’ या जिला विद्यालय निरीक्षक ने याची के खिलाफ कोई कदम क्यों नहीं उठाया। कोर्ट ने विद्यालय प्रबंधक व प्रधानाचार्य को 15 जनवरी को याची की नियुक्ति से संबंधित सभी मूल दस्तावेजों के साथ व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने का आदेश दिया है। याचिका पर अगली सुनवाई 15 जनवरी को सुबह 10 बजे होगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here