स्टॉक मार्केट में सपाट लिस्टिंग के बाद लुढ़के शेयर

नई दिल्ली, 16 फरवरी (हि.स.)। नॉन बैंकिंग फाइनेंस कंपनी आय फाइनेंस के शेयरों ने आज स्टॉक मार्केट में सपाट स्तर पर बिना किसी उतार-चढ़ाव के एंट्री की। आईपीओ के तहत कंपनी के शेयर 129 रुपये के भाव पर जारी किए गए थे। आज बीएसई और एनएसई पर इसकी लिस्टिंग बिना किसी बदलाव के 129 रुपये के स्तर पर ही हुई। लिस्टिंग के बाद खरीदारी के सपोर्ट से यह शेयर उछल कर 133.80 रुपये के स्तर पर पहुंचा, लेकिन थोड़ी ही देर बाद बिकवाली का दबाव बन जाने के कारण इसने 120.55 रुपये के स्तर तक गोता लगा दिया। पूरे दिन का कारोबार होने के बाद यह शेयर 128.91 रुपये के स्तर पर कारोबार कर रहा था। इस तरह पहले दिन के कारोबार के बाद कंपनी के आईपीओ निवेशक प्रति शेयर नौ पैसे यानी 0.07 प्रतिशत के नुकसान में रहे।
आय फाइनेंस का 1,010 करोड़ रुपये का आईपीओ 9 से 11 फरवरी के बीच सब्सक्रिप्शन के लिए खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों की ओर से फीका रिस्पॉन्स मिला था, जिसके कारण ये ओवरऑल 1.04 गुना सब्सक्राइब हो सका था। इनमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (क्यूआईबी) के लिए रिजर्व पोर्शन 1.62 गुना सब्सक्राइब हुआ था। वहीं नॉन इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (एनआईआई) के लिए रिजर्व पोर्शन में सिर्फ 0.05 गुना सब्सक्रिप्शन आ पाया था। इसी तरह रिटेल इन्वेस्टर्स के लिए रिजर्व पोर्शन 0.81 गुना सब्सक्राइब हो सका था। इस आईपीओ के तहत 710 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी किए गए हैं, जबकि ऑफर फॉर सेल विंडो के जरिए दो रुपये फेस वैल्यू वाले 2,32,55,812 शेयर बेचे गए हैं। आईपीओ में नए शेयर की बिक्री के जरिये जुटाए गए पैसे का इस्तेमाल कंपनी अपना कैपिटल बेस बढ़ाने और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों में करेगी।
कंपनी की वित्तीय स्थिति की बात करें तो कैपिटल मार्केट रेगुलेटर सेबी के पास जमा कराए गए ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (डीआरएचपी) में किए गए दावे के मुताबिक इसकी वित्तीय सेहत लगातार मजबूत हुई है। वित्त वर्ष 2022-23 में कंपनी को 39.87 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ था, जो अगले वित्त वर्ष 2023-24 में बढ़ कर 171.68 करोड़ रुपये के स्तर पर और 2024-25 में उछल कर 175.25 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। मौजूदा वित्त वर्ष की पहली छमाही में यानी अप्रैल से 30 सितंबर 2025 तक कंपनी को 64.60 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हो चुका है।
इस दौरान कंपनी की राजस्व प्राप्ति में भी तेजी आई। वित्त वर्ष 2022-23 में इसे 643.34 करोड़ का कुल राजस्व प्राप्त हुआ, जो वित्त वर्ष 2023-24 में बढ़ कर 1,071.75 करोड़ रुपये के स्तर पर और 2024-25 में उछल कर 1,504.99 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। मौजूदा वित्त वर्ष की पहली छमाही में यानी अप्रैल से 30 सितंबर 2025 तक कंपनी को 863.02 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हो चुका है।
